Monday, October 26, 2026
Latest:
राष्ट्रीय

बोखलाए लालू बोले -सब पहले से सेट था, नीतीश खुद मर्डर के आरोपी हैं

बोखलाए लालू बोले -सब पहले से सेट था, नीतीश खुद मर्डर के आरोपी हैं
पटना.  लालू यादव के बेटे तेजस्वी यादव पर छिड़े विवाद के बीच नीतीश कुमार ने बुधवार शाम को सीएम पद से इस्तीफा दे दिया। नीतीश ने कहा कि मौजूदा हालात में उनके लिए महागठबंधन में काम करना मुश्किल था और अंतरआत्मा की आवाज पर उन्होंने ये कदम उठाया। इसके कुछ ही देर बाद लालू ने अपने आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई और नीतीश पर आरोप लगाया। वे बोले, “नीतीश का इस्तीफा देना पहले से सेट था। वे जीरो टॉलरेंस की बात करते हैं, लेकिन उन पर खुद 302 (हत्या) का केस दर्ज है।” लालू यादव ने मीडिया में केस से जुड़े दस्तावेज भी दिखाए। बता दें कि बेनामी प्रॉपर्टी और रेलवे टेंडर स्कैम में केस दर्ज होने के बाद बीजेपी लगातार तेजस्वी के इस्तीफे की डिमांड कर रही थी। 
नीतीश के इस्तीफे पर क्या बोले लालू यादव…
 
1) बीजेपी से मिले हैं नीतीश कुमार
– लालू बोले, “नीतीश बीजेपी से मिले हुए हैं। ये सबकुछ पहले से सेट था। वे बीजेपी और आरएसएस के साथ हैं। उन्होंने कहा था कि मिट्टी में मिल जाएंगे लेकिन भाजपा से हाथ नहीं मिलाएंगे। बोले थे कि संघ मुक्त भारत बनाना चाहते हैं। अब देख लीजिए। खुद मर्डर के आरोपी हैं। यह बात उन्होंने खुद चुनाव आयोग को दिए एफिडेविट में बताई है।”
 
2) मैंने कहा था गलतफहमी दूर कर लो
– “मैंने रात को भी नीतीश से बात की थी। कहा था कि कोई गलतफहमी है, तो बैठकर तय करो कि क्या करना है? नीतीश कुमार ने 40 मिनट तक बात की। उन्होंने कहा था कि मैंने कोई इस्तीफा नहीं मांगा था। मीडिया में खुद नीतीश कुमार ने इस्तीफा ना मांगने की बात कही थी।”
 
3) वकीलों ने हमें मीडिया से दूर रहने को कहा
– “सफाई के मसले पर नीतीश ने फोन पर कहा था कि कोई हड़बड़ी नहीं है, प्रेस के माध्यम से आप लोग सफाई दे दीजिएगा। हम लोगों ने कहा था कि इस केस में बहुत गलतियां हैं। अगर हम पब्लिक डोमेन में गए तो न्यूज एजेंसियां उसकी मरम्मत कर देंगी। वकीलों ने हमें राय दी थी कि मीडिया में बयान मत दीजिएगा।” 
 
4) जेडीयू के प्रवक्ता कोई पुलिस-थाना नहीं हैं
– ” बिहार में जेडीयू के जो प्रवक्ता हैंं, वे पुलिस नहीं है। जो भी कहना होगा, हम पब्लिक डोमेन में, एजेंसी में कहेंगे। आप पुलिस थाना नहीं हैं। हमने इस मामले पर अपनी सफाई दी थी और बहुत कायदे से बता दिया था। इसके बावजूद इनके प्रवक्ता वही बात बोलते रहे। ये पहले से सेट था।”
 
5) कथित भ्रष्टाचार से बड़ा है अत्याचार
– “नीतीश कुमार 302 के मामले में आरोपी हैं। उसके खिलाफ संज्ञान लिया जा चुका है। इसमें सजा आजीवन कारावास या फिर फांसी की है। इसे हम लोग बहुत पहले से जानते थे, लेकिन हमें ये उचित नहीं लगा था। 31-8-2009 को लोअर कोर्ट ने इस पर संज्ञान लिया था। ये मैं नहीं कह रहा हूं, नीतीश कुमार जी ने एमएलसी के डिक्लेरेशन में ये कहा था। कौन सा जीरो टॉलरेंस, कौन सी ईमानदारी? कथित भ्रष्टाचार बड़ा है अत्याचार। एक नागरिक और एक वोटर की हत्या। ये हैं जीरो टॉलरेंस वाले मुख्यमंत्री मेरे छोटे भाईसाब।” 
 
6) केस सुन रहे जज को प्रताड़ित किया गया
– “इन्होंने प्रोसीडिंग को रुकवा दिया था। कागज ये सारी चीजें बता रहे हैं। उस जज को प्रताड़ित किया गया कि मुकदमा आगे क्यों चला रहे हो? पटना हाईकोर्ट में तारीख पड़ती है। नीतीश भाजपा और आरएसएस से मिले हुए हैं। क्या सेटिंग है?’
 
7) मोदी जी ने वहीं से ट्वीट कर दिया
– “नीतीश ने इस्तीफा दिया और देश के पीएम मोदी जी वहीं से ट्वीट कर दिए। बीजेपी के सपोर्ट पर नीतीश कुमार जी ने न नहीं कहा। बोले कि राष्ट्रहित और राज्यहित में जो जरूरी हो, वो हम देखेंगे। वो पहले से देख चुके हैं।’
 
8) हमें संदेह है कि आपका सौदा हो गया
– “आपने इस्तीफा दे दिया है। इसका हमें बहुत दुख है। आपने हमें प्रणाम किया तो हमने कहा कि ये मत किया करो, तुम्हें जनता ने चुना है। नीतीश बोले कि अब हम महागठबंधन नहीं चला पाएंगे। मैं उनसे कहता हूं कि काफी वक्त बाकी है। लेकिन, मुझे संदेह है कि आपका सौदा हो गया है।’
 
9) बीजेपी से साठगांठ कर सरकार बनाना चाहते हैं
– “मेरी नीतीश से ये अपील है कि आपके मन में सांप्रदायिक ताकतों का आशीर्वाद नहीं है तो आपने इस्तीफा क्यों दे दिया। बिहार की जनता को आगाह करता हूं कि आपकी इच्छाओं को लगातार इन्होंने दरकिनार किया। राष्ट्रपति चुनाव, नोटबंदी में बीजेपी को सपोर्ट किया नीतीश जी ने। आप बीजेपी से साठगांठ कर सरकार बनाना चाहते हैं।”
 
10) ये पुत्रमोह नहीं, उसूलों की लड़ाई है
– “ये सिद्धांतों और उसूलों की लड़ाई है, पुत्रमोह की नहीं है। तेजस्वी अगर डिप्टी चीफ मिनिस्टर बने हैं तो जनादेश मिलने के बाद बने हैं। तेजस्वी को पूरा देश स्वीकार कर रहा है। लालू से डरते ही थे, इस लड़के से भी वे लोग डर गए। महागठबंधन हमने नहीं खत्म किया है। सीएम ने इस्तीफा दे दिया। तीनों दलों के विधायकों की मीटिंग करके नया सीएम बनाया जाए। कांग्रेस बीजेपी में थोड़े ही जाएगी। आरजेडी से सभी एमएलए और जेडीयू और सहयोगियों के एमएलए नया नेता चुनें।”

Anubhav Shukla

Website Developer & Editor with 3 years of experience in regional news reporting and Managing News Website. Mobile: +919425156783 💬 Chat on WhatsApp

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *