जरा हट के

युवा डिजाइनर 9 साल से बना रहा कागज का एयर इंडिया का विमान, देखकर रह जाएंगे हैरान

सैन फ्रांसिस्को। वैसे तो कागज का विमान बनाने में कुछ मिनट का ही समय लगता है, लेकिन अमेरिका के एक युवा डिजाइनर बीते नौ वर्ष से कागज का विमान बनाने में व्यस्त हैं। सैन फ्रांसिस्को के रहने वाले 25 वर्षीय लुका लकोनी-स्टीवर्ट 2008 में इंटरनेट पर एयर इंडिया बोइंग 777 विमान की तस्वीर देखकर इतने प्रभावित हो गए कि उन्होंने इसकी कागज की प्रतिकृति बनाने की ठान ली। स्टीवर्ट अब तक 10 हजार घंटे खर्च कर चुके हैं। संभवतः इस साल वह एयर इंडिया का डिजाइन तैयार कर लेंगे। विमान के लिए छोड़ दी पढ़ाईयह डिजाइनर 2014 में भी सुर्खियों में आए थे जब वह एयर इंडिया के कागज वाले विमान की सीट बना रहे थे। इसकी इकोनॉमी क्लास की सीट बनाने में 20 मिनट का समय लगा। जबकि बिजनेस क्लास की सीट बनाने में चार से छह घंटे और आठ घंटे फर्स्ट क्लास की सीट बनाने में लग गए।
AD

इस प्रोजेक्ट को ज्यादा समय देने के लिए उन्होंने अपनी पढ़ाई तक छोड़ दी। उन्होंने सिंगापुर एयरलाइंस के लिए भी कागज के विमान के साथ एक विज्ञापन किया हे। यह है खासियत स्टीवर्ट द्वारा बनाए गए कागज के विमान में सीट हो या दरवाजे, सभी ठीक उस तरह बंद होते हैं खोले जा सकते हैं जैसा कि असल विमान में होता है। इंजन से लेकर विमान के पहिए तक बेहद बारीकी से बनाए गए हैं

                                                                                   जिससे यह विमान चर्चा में बना हुआ है।  इसके निर्माण में स्टीवर्ट कई तरह के कटर, प्रिंटआउट कंप्यूटर पर निर्मित चित्रों का भी इस्तेमाल कर रहे हैं। -2014 में विमान बनाने पर पहली बार सुर्खियों में आए थे स्टीवर्ट, अब बना रहे हैं विंग्स -20 मिनट इकोनॉमी क्लास सीट, चार से छह घंटे बिजनेस क्लास और आठ घंटे फर्स्ट क्लास की सीट बनाने में लगे -10 हजार घंटे खर्च कर चुके हैं विमान बनाने पर -2008 से शुरू किया है प्रोजेक्ट

loading…

Show More
AD

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button