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मध्य प्रदेश में सक्रिय हुआ मानसून, कई जिलों में बारिश शुरू

द्रोणिका लाइन (पूर्व-पश्चिमी ट्रफ) बनने के कारण सुस्त बड़े मानसून की सक्रियता बढ़ गई है।

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MP Weather Update :भोपाल झारखंड से मध्यप्रदेश होकर गुजरात तक एक द्रोणिका लाइन (पूर्व-पश्चिमी ट्रफ) बनने के कारण सुस्त बड़े मानसून की सक्रियता बढ़ गई है। इस वेदर सिस्टम के कारण अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से नमी मिलने का सिलसिला शुरू हो गया है। इससे प्रदेश के अधिकांश जिलों में गरज-चमक के साथ रुक-रुक कर बौछारें पड़ रही हैं। उधर झारखंड पर बने ऊपरी हवा के चक्रवात के प्रभाव से पूर्वी मप्र में बरसात हो रही है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक दो-तीन दिन प्रदेश के अधिकांश जिलों में बारिश होने की संभावना है। उधर गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक सतना में 30, जबलपुर में 13, उमरिया में 11, दमोह में 7, मलाजखंड में 3, मंडला और खजुराहो में 1 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। गुना, उज्जैन में बूंदाबांदी हुई।

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मौसम विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी के मुताबिक गुरुवार को राजधानी का अधिकतम तापमान 34 डिग्रीसेल्सियस दर्ज किया गया। यह सामान्य से एक डिग्रीसे.कम रहा। साथ ही यह बुधवार के अधिकतम तापमान (33.1 डिग्रीसे.) की तुलना में 0.9 डिग्रीसे. अधिक रहा। न्यूनतम तापमान 22.6 डिग्रीसे. रिकार्ड किया गया। यह सामान्य से दो डिग्रीसे. कम रहा। यह बुधवार के न्यूनतम तापमान (24.9 डिग्रीसे.) के मुकाबले 2.3 डिग्रीसे. कम रहा। मौसम विज्ञानी पीके साहा ने बताया कि बुधवार को तेज बौछारें पड़ने के कारण न्यूनतम तापमान में गिरावट हुई है।

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चार सिस्टम सक्रिय, पड़ती रहेंगी बौछारें

मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्व वरिष्ठ मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला ने बताया कि पूर्व-पश्चिमी ट्रफ मप्र से होकर गुजर रहा है। झारखंड पर एक ऊपरी हवा का चक्रवात बना हुआ है। इस चक्रवात से लेकर दक्षिणी छत्तीसगढ़ तक एक ट्रफ बना हुआ है। इसके अतिरिक्त पंजाब से बंगाल की खाड़ी तक भी एक ट्रफ बना हुआ है। इन चार वेदर सिस्टम के सक्रिय होने से मप्र के अधिकांश जिलों में बारिश हो रही है। शुक्ला के मुताबिक अभी दो-तीन दिन तक रुक-रुक कर बौछारें पड़ने का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।

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