ज्योतिष

धन प्राप्ति के लिये श्री कृष्ण के आठ चमत्कारी मंत्र

भगवान श्री कृष्ण की अपने भक्तों पर विशेष अनुंकपा होती है। वे सखा के रूप में सुदामा का उद्धार करते हैं तो अर्जुन के सारथी बन उन्हें कर्तव्य पालन की प्रेरणा भी देते हैं। वे प्रेम में राधा हो जाते हैं तो मीरा के गिरधर गोपाल बन जहर के प्यालों को अमृत कर देते हैं। उनके बचपन की शुरुआत से लेकर व्याध द्वारा शिकार होने तक उनका जीवन चमत्कारों की गाधा कहता है। वे द्रोपदी के रक्षक भी हैं तो गोवर्धन उठाकर इंद्र के अहंकार को भी तोड़ते हैं ऐसे दयालु कृपालु श्री कृष्ण की भक्ति में भला कौन नहीं डूबना चाहेगा। वैसे तो उनकी कृपा पाने के लिये श्री कृष्ण को समर्पित हो जाना ही पर्याप्त है लेकिन श्री कृष्ण की कृपा पाने के कुछ विशेष मंत्र भी हैं। इन मंत्रों की मान्यता इतनी अधिक है कि माना जाता है इनके जाप करने से रंक भी राजा हो जाता है। तो आइये जानते इन मंत्रो के बारे में-

AD
श्री कृष्ण के मंत्र
श्री कृष्ण के इन मंत्रों से आपके जीवन में धन संपदा की कोई कमी नहीं रहती व आप सौन्दर्य को प्राप्त करते हैं। इतना ही नहीं यह मंत्र काफी सरल हैं जिनका उच्चारण भी आप आसानी से कर सकते हैं।
कृं कृष्णाय नम: – यह भगवान श्रीकृष्ण का मूलमंत्र बताया जाता है। मान्यता है कि इस मंत्र के जाप करने से आपका रूका हुआ धन प्राप्त हो जाता है व घर परिवार में मंत्र की सकारात्मक ऊर्जा से सुख शांति बनी रहती है। इस मंत्र का जाप प्रात:काल में स्नानादि के पश्चात 108 बार करना चाहिये।
ॐ श्रीं नम: श्रीकृष्णाया परिपूर्णतमाया स्वाहा – यह श्री कृष्ण का सप्तदशाक्षर महामंत्र है जो 108 बार जाप करने पर सिद्ध होता है। मान्यता है कि इस मंत्र के पांच लाख जप करने पर मनोवाछित फल की प्राप्ति होती है। धार्मिक मान्यता तो यह भी है कि यदि जप के समय हवन का दशांश अभिषेक, अभिषेक का दशांश तर्पण एवं तर्पण का दशांश मार्जन किया जाये तो मंत्र सिद्धि से रंक भी करोड़ों में खेलने लगता है।
गोवल्लभाय स्वाहा – दिखने में भले ही यह मंत्र दो शब्दों का साधारण सा मंत्र दिखाई देता हो लेकिन इसके चमत्कार बड़े बताये जाते हैं। इस मंत्र में जिन सात अक्षरों का उपयोग हुआ है वे बहुत ही असर कारक हैं। इस मंत्र का जितना अधिक जाप हो सके करना चाहिये। सही उच्चारण करने पर ही यह मंत्र फलीभूत होता है और जप करने वाले को अपार धन की प्राप्ति होती है। यह एक ऐसा मंत्र है जिसे कोई भी कहीं भी जप सकता है।
गोकुल नाथाय नम: – यदि अपनी इच्छाएं अपेक्षाएं अभिलाषाएं पूर्ण करना चाहते हैं तो आपको इस मंत्र का जप करना चाहिये। आठ अक्षरों वाला श्रीकृष्ण का यह मंत्र सभी मनोकामनाओं की पूर्ति करने वाला माना गया है।
क्लीं ग्लौं क्लीं श्यामलांगाय नम: – संपूर्ण सिद्धियों की प्राप्ति के लिये आप इस मंत्र का जाप कर सकते हैं इससे न केवल आपके आर्थिक जीवन में बेहतरी आती है बल्कि आपको अपने व्यवसाय में तेजी से लाभ भी मिलने लगता है।
ॐ नमो भगवते श्रीगोविन्दाय – यदि आपके विवाह में या प्रेम जीवन में किसी प्रकार की दिक्कत आ रही है तो यह मंत्र आपके लिये बिल्कुल उचित है। कुछ दिनों तक प्रात:काल नहा धोकर स्वच्छ होने के पश्चात 108 बार इस मंत्र का जाप करने से आपको इसके सकारात्मक परिणाम दिखाई देने लगेंगें।
ऐं क्लीं कृष्णाय ह्रीं गोविंदाय श्रीं गोपीजनवल्लभाय स्वाहा ह्र्सो – यह मंत्र दिखने में थोड़ा लंबा व उच्चारण में थोड़ा कलिष्ट जरूर है लेकिन इतना बड़ा ही परिणाम भी देने वाला माना जाता है। कहते हैं वाणी ऐसी चीज़ है जो आदमी को अर्श से फर्श पर और फर्श से अर्श तक ले जाती है। इस मंत्र के उच्चारण से आपकी वाणी को वरदान मिल जाता है जिससे आप अपनी बात किसी से भी मनवा सकते हैं।
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय नम: यह श्री कृष्ण का बहुत ही लोकप्रिय मंत्र है जिसका जाप कोई भी साधक कर सकता है। यह बहुत ही पुण्य देने वाला मंत्र माना जाता है।
भगवान श्री कृष्ण की आप पर कृपा बनी रहे। जय श्री कृष्णा।

Show More
AD

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button